रक्षक रोबोट

रक्षक या रिस्क्यूअर रोबोट की संकल्पना कोई नई नहीं है. साइंस फंतासियों से निकली यह कल्पना दो दशक पहले ही हकीकत बन चुकी है. 9/11 के हमले के बाद ट्विन टॉवर्स के मलवे में दबे लोगों को निकालने में ये काफी उपयोगी साबित हो चुके हैं. इसके बाद भी कई प्राकृतिक व मानवनिर्मित आपदाओं में लोगों की मदद और निर्माण या ध्वंस कार्यक्रमों में इनका इस्तेमाल सफलतापूर्वक किया जाता रहा है. लेकिन अभी तक ये रोबोट्स इंसानों द्वारा ही संचालित होते थे. पर अब ये काफी एडवांस्ड हो चुके हैं.

Image courtesy : walk-man.eu

एक इटेलियन कंपनी वाक मैन नामक ऐसे ह्यूमैनाइड रोबोट डेवलप कर रही है, जो आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से युक्त हैं. यानी अब उन्हें इंसानों के रहमोकरम पर चलने की कोई जरूरत नहीं है और वे अपने विवेक से फैसला कर सकते हैं कि उन्हें कब, कहाँ, क्या करना है. इस तरह के रोबोट्स का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि अगर ये वास्तविक परिस्थितियों के आधार पर अपने फैसले ले सकेंगे, जिससे ये संकट के समय पहले की तुलना में कहीं अधिक उपयो​गी होंगे.

वाकमैन, एक छह फुट ऊंचा रोबोट है, जिसमें अत्याधुनिक कैमरे और सेंसर्स लगे हैं. इन सेंसर्स की मदद से यह अपने आसपास की सूचनाएं इकट्ठा करने, उनका विश्लेषण करने और उसके अनुरूप फैसले लेने में सक्षम है.

Filed in: Robotopia

You might like:

हीरोबोट हीरोबोट
पैरानाॅर्मल की जानकारी पैरानाॅर्मल की जानकारी
हर दिन है खास हर दिन है खास
क्वालिटी और  क्वांटिटी क्वालिटी और क्वांटिटी
© A touch of tomorrow !. All rights reserved. XHTML / CSS Valid.
Proudly designed by Theme Junkie.