जेंडर गेम

जापान में हुए एक रीसेंट सर्वे में रिवील हुआ है कि गेमिंग के दौरान अपने लिए कॅरेक्टर का सलेक्शन करते समय दोनों जेंडर्स के गेमर्स इस बात को लेकर बहुत काॅशस रहते हैं कि उनका चूज किया कॅरेक्टर मेल है या फीमेल. हालांकि पहले ज्यादातर गेम्स में सेंटर कॅरेक्टर एक ही होता था, जिसे गर्ल और बाॅय दोनों ही बिना सोच-समझे खेल लेते थे. लेकिन, अब जब माॅडर्न गेमिंग, सलेक्शन के लिए आॅप्शंस एवेलेबल करा रही है तो प्लेयर्स ने भी अपनी प्राॅयरटीज सेट करना स्टार्ट कर दिया है.

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400 काॅलेज स्टुडेंट्स के बीच किए गए इस सर्वे से पता चलता है कि मैजोरिटी आॅफ गेमर्स उसी जेंडर का गेम कॅरेक्टर सलेक्ट करते हैं, जो रीयल लाइफ में उनका खुद का होता है. 76.4 पर्सेंट मेेल गेमर्स एक मेल कॅरेक्टर चूज करके खेलते हैं, जबकि 23.6 पर्सेंट मेल गेमर्स फीमेल कॅरेक्टर. के तौर पर खेलने में झिझक महसूस नहीं करते. सर्वे में जब इसका रीजन जानने की कोशिश की गई तो दो प्रोमिनेंट रिप्लाई थे कि एक तो वे कुछ ऐसा बनके खेलना चाहते हैं, जो क्यूट दिखे और दूसरा, वे फीमेल कॅरेक्टर चूज करके, जानना चाहते हैं कि वे चैलेंजेज को कैसे फेस करती हैं. फीमेल कॅरेक्टर के तौर पर गेम खेलने वाली गर्ल्स 61.4 पर्सेंटेज थीं, जबकि मेल कॅरेक्टर चूज करके गेम खेलने वाली गर्ल का पर्सेंटेज उनके काउंटरपार्ट्स से करीब 15 पर्सेंट ज्यादा यानी 38.6 पर्सेंट पाया गया.

फीमेल गेमर्स का कहना था कि वे मेल कॅरेक्टर चूज करके गेम खेलती हैं, क्योंकि यह उन्हें स्ट्राॅन्गर फील कराता है और गाॅयज को स्पेशल अटैक करते हुए देखना उन्हें बहुत कूल लगता है. इसके अलावा कई पार्टिसिपेट्स का कहना था कि वे कॅरेक्टर चुनते समय जेंडर पर नहीं, बल्कि इस बात पर ध्यान देते हैं कि वह कॅरेक्टर देखने में कितना क्यूट या अट्रेक्टिव है. सर्वे के अकाॅर्डिंग, संयुक्त रूप से अपने जेंडर वाला कॅरेक्टर चूज करने वाले बाॅयज एंड गर्ल्स की संख्या 69 पर्सेंट थी, जबकि अपोजिट सेक्स वाला कॅरेक्टर चुनने वालों की संख्या इसके आधे से थोड़ा कम, यानी 31 पर्सेंट दर्ज की गई.

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